गोण्डा: प्रकाश शुक्ला

जिले के इंतिया थोक थाना क्षेत्र के अंतर्गत कुछ दिन तिर्रे मनोरमा राम जानकी मंदिर के पुजारी को गोली मारने के आरोप में महंत सीताराम दास ने पूर्व प्रधान अमर सिंह व उनके सहयोगी पर लगाया था लेकिन जब पोलीस ने मामले की छान बीन शुरू की तो असली गुनाहगार मंदिर का महंत ही निकला क्योंकि जमीनी बिबाद को लेकर दोषी महंत फसाना चाह रहा था गोंडा जिले के इटियाथोक कोतवाली क्षेत्र के तिर्रे मनोरमा में स्थित राम जानकी मंदिर के पुजारी सम्राट बाबा पर हुए हमले के मामले में शुक्रवार रात को एसओजी ने मुख्य मंहत सीताराम दास को उठा लिया है। शुक्रवार बड़गांव के पास एसओजी ने यह कार्रवाई अंजाम दी है। कुछ दिन पहले मंदिर के पुजारी को उस वक्त गोली मार दी गई थी जब वे मंदिर परिसर में सो रहे थे। इस घटना के तूल पकड़ने के बाद पुलिस ने नामजद आरोपियों में से दो को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस सूत्रों के अनुसार विवेचना के दौरान प्रकाश में आया कि घटना कूट रचित तरीके से अंजाम दी गई थी। इसे लेकर शुक्रवार रात साढ़े नौ बजे के करीब मुख्य मंहत रामदास को एसओजी ने बड़गांव के पास से उठाया है। एएसपी महेन्द्र कुमार ने बताया कि पूरी डिटेल शनिवार को उपलब्ध कराई जाएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here